NEP 2020 / 2025
Everything we do starts with why
Made with care
We believe in building better
A team with a goal
Real people making great products
Reliable shipping
Flexible returns
पूनमजी की नवीनतम कृति 'सूरजमुखी', जिसकी ध्वनि काव्य की है, 27 छोटी कथाओं का संग्रह है। तेजी से भाग रहे आज के समय में जब पाठकों के पास भी समय का घोर अभाव है, तब छोटी कथाएँ अधिक लोकप्रिय हो रही हैं। संभवतः इसीलिए आधुनिक कथाकारों में लघुकथाओं की ओर अधिक झुकाव है |
समय की प्रवृत्ति को जो लेखक समझ लेता है, वह समाज का उचित मार्गदर्शन कर पाता है। समय की प्रवृत्ति को समझना ही 'युग-चेतना' है । रचनाओं में इसकी अभिव्यक्ति स्वतः होती है। सुबुद्ध लेखिका पूनमजी समाज की पीड़ा और उसकी प्रवृत्ति को समझ पाती हैं, यह बात 'सूरजमुखी' में संकलित उनकी कथाओं से समझी जा सकती है।
पूनमजी की कहानियों की भाषा सरल और संप्रेषण के तत्त्वों से परिपूर्ण है, इसलिए पाठकों तक उतनी ही सरलता और सहजता से पहुँच जाती है । पाठक इसे अपने बीच घटित घटनाओं से जोड़कर देख पाते हैं । विश्वास है कि यह नूतन कथा - कृति 'सूरजमुखी' सभी आयु वर्ग के पाठकों के लिए रुचिकर और पठनीय सिद्ध होगी ।
Everything we do starts with why
We believe in building better
Real people making great products